भारत की आर्थिक उड़ान में गुजरात की होगी निर्णायक भूमिका - मोदी

राजकोट/नयी दिल्ली, 11 जनवरी (वार्ता) वाइब्रेंट गुजरात क्षेत्रीय सम्मेलन (वीजीआरसी) में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने रविवार को कहा कि विकसित भारत के आर्थिक उड़ान में गुजरात की निर्णायक भूमिका होगी।
श्री मोदी ने कहा कि भारत की तेज़ी से बढ़ती अर्थव्यवस्था के पीछे गुजरात की मजबूत और गतिशील भूमिका अहम आधार रही है। प्रधानमंत्री मोदी ने राजकोट में आयोजित वाइब्रेंट गुजरात क्षेत्रीय सम्मेलन (वीजीआरसी) को संबोधित करते हुए कहा कि भारत विश्व की तीसरी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बनने की दिशा में तेज़ी से आगे बढ़ रहा है और इस यात्रा में गुजरात एक मजबूत स्तंभ के रूप में उभरा है।
श्री मोदी ने कहा कि गुजरात ने सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्योगों (एमएसएमई) से लेकर वैश्विक वित्तीय संस्थानों को आकर्षित करने तक हर क्षेत्र में देश के विकास को गति दी है। सम्मेलन सरकार, उद्योग जगत, स्टार्टअप्स और निवेशकों को एक साझा मंच पर लाकर भारत के विकास को और तेज़ करने का कार्य कर रहा है।
श्री मोदी ने देश की आर्थिक मजबूती पर प्रकाश डालते हुए कहा कि भारत आज दुनिया की सबसे तेज़ी से बढ़ने वाली प्रमुख अर्थव्यवस्था है, जहां महंगाई नियंत्रण में है, कृषि क्षेत्र लगातार रिकॉर्ड उत्पादन कर रहा है और भारत दुनिया का सबसे बड़ा दुग्ध उत्पादक देश है। इसके साथ ही भारत जेनेरिक दवाओं के वैश्विक निर्माण में अग्रणी भूमिका निभा रहा है।
श्री मोदी ने कहा कि भारत आज विश्व का तीसरा सबसे बड़ा स्टार्टअप इकोसिस्टम और विमानन बाजार बन चुका है। मेट्रो रेल नेटवर्क के मामले में भी भारत दुनिया के शीर्ष तीन देशों में शामिल है। उन्होंने कहा कि सरकार द्वारा किए गए संरचनात्मक सुधार—जैसे अगली पीढ़ी के जीएसटी सुधार, बीमा क्षेत्र का उदारीकरण और आयकर अधिनियम का आधुनिकीकरण—ने अर्थव्यवस्था को मजबूत किया है और करोड़ों लोगों को लाभ पहुंचाया है।
श्री मोदी ने बताया कि अंतरराष्ट्रीय संस्थाएं भी भारत की आर्थिक स्थिरता और विकास क्षमता को स्वीकार कर रही हैं। अंतरराष्ट्रीय मुद्रा कोष (आईएमएफ) ने भारत को वैश्विक विकास का इंजन बताया है, वहीं स्टैंडर्ड एंड पूअर्स (एस एंड पी) ने 18 वर्षों बाद भारत की रेटिंग को अपग्रेड किया है। फिच रेटिंग्स ने भी भारत की वित्तीय विश्वसनीयता की सराहना की है। वैश्विक अनिश्चितताओं के बावजूद भारत राजनीतिक रूप से स्थिर है और इसका मध्यम वर्ग लगातार सशक्त हो रहा है।
श्री मोदी ने गुजरात की उपलब्धियों का उल्लेख करते हुए कहा कि देश का पहला सेमीकंडक्टर फैब्रिकेशन प्लांट धोलेरा में स्थापित किया जा रहा है, जो एक स्थिर और अनुमानित नीतिगत माहौल का परिणाम है। उन्होंने बताया कि कच्छ में पेरिस शहर से पांच गुना बड़े क्षेत्र में हाइब्रिड पावर पार्क विकसित किया जा रहा है, जबकि जामनगर हरित ऊर्जा के बड़े केंद्र के रूप में उभर रहा है।
प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि सेमीकंडक्टर, कृत्रिम बुद्धिमत्ता और अनुसंधान जैसे क्षेत्रों में आगे बढ़ने के लिए उद्योगों के लिए तैयार कार्यबल और भरोसेमंद बिजली आपूर्ति आवश्यक है। उन्होंने बताया कि परमाणु ऊर्जा इस दिशा में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी और शांति अधिनियम के तहत निजी निवेशकों के लिए परमाणु क्षेत्र को खोला गया है।
श्री मोदी ने क्षेत्रीय सामर्थ्य की चर्चा करते हुए कहा कि सौराष्ट्र और कच्छ आत्मनिर्भर भारत के मजबूत इंजन हैं। अकेले सौराष्ट्र में 2.5 लाख से अधिक एमएसएमई कार्यरत हैं, जो छोटे औजारों से लेकर विमान के कलपुर्जे तक का निर्माण करते हैं। यह क्षेत्र दुनिया के सबसे बड़े शिप-ब्रेकिंग यार्ड और टाइल निर्माण केंद्र का भी घर है।
श्री मोदी ने कहा कि वाइब्रेंट गुजरात क्षेत्रीय सम्मेलन आर्थिक विकास, नवाचार और समावेशी प्रगति को बढ़ावा देने का एक सशक्त मंच बन चुका है, जो गुजरात और भारत दोनों के सतत और समृद्ध भविष्य की दिशा में अहम भूमिका निभा रहा है।

टिप्पणियाँ

इस ब्लॉग से लोकप्रिय पोस्ट

सपा अध्यक्ष को लगता है कि मुसलमान उनकी जेब में हैं: मायावती

हार-जीत से बड़ा है सक्षम बनना

24 जुलाई 2026 को चंद्रमा दिखाई देगा अन्टारेस (ज्येष्ठा नक्षत्र के योगतारा) के पास