पीएम स्वनिधि से 43 हजार से अधिक पटरी कारोबारियों का संवरा कारोबार
गोरखपुर 17 मार्च (वार्ता) उत्तर प्रदेश के गोरखपुर में प्रधानमंत्री स्ट्रीट वेंडर्स आत्मनिर्भर निधि (पीएम स्वनिधि) योजना पटरी कारोबारियों के कारोबार को संवारने में बड़े काम की साबित हो रही है। गोरखपुर में अब तक 43609 स्ट्रीट वेंडर्स जिला नगरीय विकास अभिकरण (डूडा) के माध्यम से योजना का लाभ उठाकर कारोबार समृद्ध कर रहे हैं।
उन्होंने बताया कि पीएम स्वनिधि योजना की शुरुआत जून 2020 में उस वक्त हुई जब कोरोना काल में कारोबार बुरी तरह प्रभावित था। इसका सबसे अधिक असर रेहड़ी.पटरी दुकानदारों पर था। दुकानदारी चौपट होने के कगार पर थी। ऐसे में उनके लिए संकटमोचक बनी पीएम स्वनिधि योजना। इस योजना का सहारा पाकर रेहड़ी.पटरी कारोबारियों के जीवन में समृद्धि का नया प्लेटफार्म मिला। अकेले गोरखपुर में डूडा के जरिये अब तक 43609 रेहड़ी.पटरी दुकानदार 10 हजार रुपये का गारंटी मुक्त लोन लेकर अपने कारोबार को संवार चुके हैं।
सूत्रों ने बताया कि पीएम स्वनिधि के तहत प्रथम, द्वितीय व तृतीय ऋण को मिलाकर गोरखपुर में कुल 84 करोड़ 89 लाख 70 हजार रुपये का ऋण स्ट्रीट वेंडर्स में वितरित किया जा चुका है।
योजना का लाभ पाने में किसी को कोई दिक्कत न आए इसके लिए सरकार ने सिंगल विंडो सिस्टम भी शुरू कराया। यहां पीएम स्वनिधि योजना के तहत आवेदन कर रेहड़ी.पटरी चलाने वाले 10 हजार रुपये का गारंटी फ्री लोन प्राप्त कर सकते हैं। लोन की राशि एक साल में चुका देने पर दूसरी बार 20 हजार और तीसरी बार 50 हजार रुपये का ऋण लेकर कारोबार को और विस्तार दिया जा सकता है। पीएम स्वनिधि योजना में समयबद्ध भुगतान करने में ब्याज पर 07 प्रतिशत अनुदान भी मिलता है। यदि लोन देने वाले रेहड़ी.पटरी दुकानदार ने ऋण भुगतान मोड में किया तो उसे 1200 रुपये तक कैशबैक भी मिलता है।
पीएम स्वनिधि योजना की सफलता को लेकर अकेले गोरखपुर में कई बार स्वनिधि महोत्सव का आयोजन हो चुका है। तीन बार महोत्सव में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ खुद स्ट्रीट वेंडर्स का मनोबल बढ़ाने आए थे। महोत्सव में स्वनिधि लोन लेकर कारोबार को आगे बढ़ाने वाले रेहड़ी.पटरी दुकानदारों को उन्होंने सम्मानित भी किया गया था।
इस बावत गोरखपुर के महापौर डॉ. मंगलेश श्रीवास्तव का कहना है कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के मार्गदर्शन में रेहड़ी पटरी कारोबारियों का व्यवस्थित पुनर्वास करने के साथ उनके कारोबार को समृद्ध करने के लिए पीएम स्वनिधि योजना से वित्त पोषित भी किया जा रहा है।
उदय प्रदीप

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